June 4, 2026

चारधाम यात्रा में उमड़ा आस्था का सैलाब, केदारनाथ-बद्रीनाथ में 19 लाख से अधिक श्रद्धालुओं ने किए दर्शन..

चारधाम यात्रा में उमड़ा आस्था का सैलाब, केदारनाथ-बद्रीनाथ में 19 लाख से अधिक श्रद्धालुओं ने किए दर्शन..

 

 

उत्तराखंड: उत्तराखंड की विश्व प्रसिद्ध चारधाम यात्रा लगातार नए रिकॉर्ड बना रही है। बाबा केदारनाथ और भगवान बद्रीविशाल के दर्शन के लिए देश-विदेश से बड़ी संख्या में श्रद्धालु उत्तराखंड पहुंच रहे हैं। यात्रा के दूसरे चरण में प्रवेश के साथ ही तीर्थयात्रियों की संख्या में और बढ़ोतरी देखने को मिल रही है। यात्रा व्यवस्थाओं को सुचारु बनाए रखने के लिए बद्रीनाथ-केदारनाथ मंदिर समिति (बीकेटीसी), जिला प्रशासन और अन्य संबंधित विभाग लगातार समन्वय के साथ कार्य कर रहे हैं। बीकेटीसी अध्यक्ष हेमंत द्विवेदी ने कहा कि इस वर्ष चारधाम यात्रा को लेकर श्रद्धालुओं में विशेष उत्साह दिखाई दे रहा है। यात्रा के शुरुआती चरण से ही केदारनाथ और बद्रीनाथ धाम में भक्तों की भारी भीड़ उमड़ रही है। मंदिर समिति की प्राथमिकता यह सुनिश्चित करना है कि सभी श्रद्धालुओं को सुरक्षित, सुगम और व्यवस्थित दर्शन की सुविधा मिल सके। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार के दिशा-निर्देशन में यात्रा संचालन को व्यवस्थित बनाए रखने के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। मौसम की चुनौतियों को ध्यान में रखते हुए प्रशासन, मंदिर समिति, तीर्थ पुरोहितों, हक-हकूकधारियों और स्थानीय संस्थाओं के सहयोग से व्यवस्थाओं की नियमित समीक्षा की जा रही है।

पिछले वर्ष की तुलना में बढ़ी श्रद्धालुओं की संख्या

चारधाम यात्रा के मौजूदा आंकड़े इस बात का संकेत दे रहे हैं कि इस वर्ष तीर्थयात्रियों की संख्या पिछले वर्ष की तुलना में अधिक है। अब तक केदारनाथ और बदरीनाथ धाम में कुल 19 लाख से अधिक श्रद्धालु दर्शन कर चुके हैं। इनमें केदारनाथ धाम में 10 लाख से अधिक तथा बद्रीनाथ धाम में करीब नौ लाख श्रद्धालुओं ने बाबा केदार और भगवान बद्रीविशाल के दर्शन किए हैं। विशेषज्ञों का मानना है कि बेहतर सड़क संपर्क, यात्रा प्रबंधन में सुधार और श्रद्धालुओं के बीच बढ़ती धार्मिक आस्था के कारण यात्रा में लगातार वृद्धि दर्ज की जा रही है।

मंदिर समिति की ओर से धामों में दर्शन व्यवस्था को सुगम बनाने के साथ-साथ पेयजल, आवास, चिकित्सा सेवाओं और स्वच्छता पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है। यात्रा मार्गों और मंदिर परिसरों में सुविधाओं की नियमित निगरानी की जा रही है ताकि श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की असुविधा का सामना न करना पड़े। बीकेटीसी अध्यक्ष ने कहा कि मंदिर परिसर और आसपास के क्षेत्रों को स्वच्छ बनाए रखने के लिए विशेष अभियान चलाए जा रहे हैं। उन्होंने यात्रियों से भी सहयोग की अपील करते हुए कहा कि वे प्लास्टिक कचरा इधर-उधर न फेंकें और धामों की पवित्रता एवं स्वच्छता बनाए रखने में सहभागी बनें।

यात्रा के दौरान सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता बताते हुए उन्होंने श्रद्धालुओं से निर्धारित प्रक्रिया के तहत पंजीकरण कराने और प्रशासन द्वारा जारी मौसम संबंधी सलाह का पालन करने की अपील की। उन्होंने कहा कि यात्रा मार्गों पर मौसम तेजी से बदल सकता है, इसलिए यात्रियों को पूरी तैयारी और आवश्यक सावधानियों के साथ यात्रा करनी चाहिए। उन्होंने विश्वास जताया कि प्रदेश सरकार, जिला प्रशासन, पुलिस, स्वास्थ्य विभाग, मंदिर समिति और विभिन्न स्वयंसेवी संस्थाओं के संयुक्त प्रयासों से इस वर्ष की चारधाम यात्रा और अधिक सफल, सुरक्षित तथा सुव्यवस्थित रूप से संपन्न होगी। चारधाम यात्रा में लगातार बढ़ रही श्रद्धालुओं की संख्या यह दर्शाती है कि उत्तराखंड आज भी देश की आस्था का सबसे बड़ा केंद्र बना हुआ है और बाबा केदारनाथ तथा भगवान बद्रीविशाल के दर्शन के लिए श्रद्धालुओं का उत्साह लगातार बढ़ रहा है।